Tuesday, September 8, 2020

गढ कालिका माय की आरती. bhoyar people _ भोयर लोग. bhoyari dialect _ भोयरी बोली

गढकालिका माय की आरती 

Bhoyari dialect _ भोयरी बोली
Bhoyar people _ भोयर लोग

जय जय जय , गढ कालिका माय
तोरऽ चरन म , महामाया उपाय । धृ.।

भैरो परबत , सती होठ ला धाऱ्यो
बाहाडे अधर्म , दानवना ला माऱ्यो
सत्जुग मूरती , गाऊ किरती माय
भगत उध्दार , करू आरती माय ।१।

आसन तुमारो , महाभारत काल
दुस्ट संगारिनि , माता जगत पाल
ग्यान कालजयी , पाऊ तुमारऽ पाय
हर इडा पिडा , टार अला बलाय ।२।

अंस देवी माय , नदी सिपरा काठ
तेज झलारस , जोत येकसो आठ
अवल आखर , नाम सुमरु माय
निसि दिन हर , जोत मु बारु माय ।३।

पावन मंगल , बुध्दी सिध्दी की दाता
टारै अमंगल , गढ कालिका माता
किरपा करजे , मुसिबत लिजाय
भजू नित दिन , तोला च आदिमाय ।४।

तेज मुंडा पर , रूप तोरो उजरो
नाक म नथनी , जुडा पर गजरो
माथा प मुकुट , सोना चांदी को माय
डोरा क जोत ला , उपमा च नहाय ।५।

चोबीस मातृका , येक ठानो तुमारो
भोयरी बोली म , गाऊ गानो तुमारो 
कुर देसमुख , सुरेस लिख्ये माय
दे आसिरवाद , किरपा कर माय ।६।

रचना : सुरेश महादेवराव देशमुख , नागपूर

4 comments:

  1. भोयर पवार समाज की कुलदेवी गढकालिका माता की खूब साजरी आरती.

    ReplyDelete
  2. जय गढकालिका माता ।।। सुंदर प्रस्तुती 👌👌

    ReplyDelete